Omar Abdullah Oath Ceremony: जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री के तौर पर नेशनल कांफ्रेंस के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने शपथ ले ली है. यहां अनुच्छेद 370 हटने के बाद वह पहले मुख्यमंत्री बन गए हैं. हालांकि इस सरकार में कांग्रेस शामिल नहीं होगी, जबकि वह गठबंधन का हिस्सा है. कांग्रेस ने सरकार को बाहर से समर्थन देने का फैसला लिया है.
उमर अब्दुल्ला के शपथ ग्रहण में इंडिया गठबंधन के तमाम नेता मौजूद रहे. इस दौरान लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा, JKNC प्रमुख फारूक अब्दुल्ला, समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव, PDP प्रमुख महबूबा मुफ्ती, AAP नेता संजय सिंह, CPI नेता डी राजा सहित INDIA गठबंधन के अन्य नेता यहां मौजूद रहे.
क्यों सरकार से बाहर रहेगी कांग्रेस
इससे पहले कांग्रेस के सरकार में शामिल नहीं होने के फैसले की जानकारी जम्मू-कश्मीर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रमुख तारिक हमीद कर्रा ने दी. तारिक हमीद कर्रा ने कहा, ‘कांग्रेस पार्टी फिलहाल जम्मू-कश्मीर सरकार में मंत्रालय में शामिल नहीं हो रही है. कांग्रेस ने केंद्र से जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा बहाल करने की जोरदार मांग की है, इसके अलावा प्रधानमंत्री ने भी कई बार सार्वजनिक बैठकों में इसका वादा किया है.’
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रमुख तारिक हमीद कर्रा ने कहा, ‘लेकिन जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा बहाल नहीं किया गया है. हम नाखुश हैं इसलिए फिलहाल हम मंत्रालय में शामिल नहीं हो रहे हैं, JKPCC प्रमुख ने कहा और कहा कि कांग्रेस पार्टी राज्य का दर्जा बहाल करने के लिए लड़ाई जारी रखेगी.’
क्या बोली बीजेपी?
दूसरी ओर जम्मू-कश्मीर के पूर्व डिप्टी सीएम कविंदर गुप्ता ने कहा, “मैं जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश की पहली सरकार को बधाई देना चाहता हूं. मुझे उम्मीद है कि वे जम्मू-कश्मीर की बेहतरी के लिए काम करेंगे. चुनाव में उन्होंने जो मुद्दा उठाया जैसे पत्थरबाजों को छोड़ना, वे इन चीजों पर कम ध्यान देंगे और प्रधानमंत्री मोदी द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों पर ध्यान देंगे.”
पूर्व डिप्टी सीएम कविंदर गुप्ता ने कहा, ‘मुझे उम्मीद है कि नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस की सरकारों में पहले जो जम्मू-कश्मीर, लद्दाख के साथ भेदभाव हुआ, वह फिर नहीं होगा. हमें उम्मीद है कि सरकार चलेगी, अगर यह अच्छी तरह से चलेगी तो केंद्र सरकार का वादा भी पूरा होगा कि अगर कानून-व्यवस्था और यहां के हालात सुधरते हैं तो राज्य का दर्जा बहाल किया जाएगा.’


