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QUAD Submit 2024: क्वाड शिखर सम्मेलन में पीएम मोदी बोले- ‘भारत ने 40 मिलियन वैक्सीन की डोज का सहयोगी दिया’

QUAD Submit 2024: पीएम नरेंद्र मोदी ने अमेरिका दौरे पर क्वाड शिखर सम्मेलन में हिस्सा लिया. इस दौरान उन्होंने आस्ट्रेलिया, जापान और अमेरिका देशों के शीर्ष नेताओं से मुलाकात की. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस संबंध में जानकारी दी है. उन्होंने बताया कि भारत के एक विश्व एक स्वास्थ्य के दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में कैंसर परीक्षण, स्क्रीनिंग और डायग्नोस्टिक्स के लिए 7.5 मिलियन अमेरिकी डॉलर के अनुदान की घोषणा की है.

वहीं पीएम मोदी ने कैंसर मूनशॉट कार्यक्रम में कहा, ‘रेडियोथेरेपी उपचार और क्षमता निर्माण में भी भारत सहयोग देगा. मुझे खुशी है कि इंडो-पैसिफिक देशों के लिए GAVI और क्वाड की पहलों के तहत भारत से 40 मिलियन वैक्सीन खुराक का योगदान दिया जाएगा. ये 40 मिलियन वैक्सीन खुराक करोड़ों लोगों के जीवन में आशा की किरण बनेंगी.’

क्या बोले अन्य देशों के राष्ट्रा अध्यक्ष

उन्होंने कहा, ‘जैसा कि आप देख सकते हैं कि जब क्वाड कार्य करता है, तो यह केवल देशों के लिए नहीं होता है. यह हमारे मानव-केंद्रित दृष्टिकोण का सही सार है.’ जबकि जापान के प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा ने कहा, ‘हम संयुक्त राज्य अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और भारत में कैंसर पर काम करने वाले शोध संस्थानों के साथ भी सहयोग कर रहे हैं.’

ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने कहा, “ऑस्ट्रेलिया सर्वाइकल कैंसर को खत्म करने वाला दुनिया का पहला देश बनने की राह पर है. आज, मैं घोषणा कर सकता हूँ कि ऑस्ट्रेलिया सर्वाइकल कैंसर के लिए इंडो-पैसिफिक में उन्मूलन साझेदारी के लिए हमारी फंडिंग प्रतिबद्धता का विस्तार कर रहा है. हमें जीवन को बेहतर बनाने के इस साझा प्रयास में संयुक्त राज्य अमेरिका, भारत और जापान के साथ खड़े होने पर गर्व है.”

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जबकि अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा, “हर साल, इंडो-पैसिफिक में 150,000 महिलाएं सर्वाइकल कैंसर से जान गवाती हैं. अगले साल, अमेरिकी नौसेना के डॉक्टर और नर्स सर्वाइकल कैंसर की जांच और टीकाकरण करने में इंडो-पैसिफिक समकक्षों को प्रशिक्षित करने के लिए एक कार्यक्रम शुरू करेंगे. आज अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, भारत और जापान हर उस मरीज के लिए लड़ने का फैसला करते हैं जो एक और दिन, एक और सप्ताह, एक और साल मांग रहा है.”

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